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दांत निकलने के दौरान सभी बच्चों को दस्त लगते हैं? एक्सपर्ट दे रहे हैं न्यू मॉम्स के इस सवाल का जवाब

छ: माह की उम्र पार करते शिशु हर दिन एक नई उपलब्धि दिखा रहा होता है। मां का दूध छोड़कर ठोस आहार लेने से लेकर, हर चीज़ को उठाकर मुंह से चेक करने तक, बेबी की ये सभी क्यूट हरकतें उसके पेट के लिए मुश्किलें बढ़ा देती हैं और इसी उम्र में दांत निकलने भी शुरू हो सकते हैं।
Published On: 28 Feb 2025, 07:00 pm IST
मेडिकली रिव्यूड
बच्चे के दांत निकलने की प्रक्रिया को आसान बनाया जा सकता है। चित्र : अडोबीस्टॉक

अंदर क्या है

  • शिशुओं के दांत निकलने की प्रक्रिया
  • क्या दांत निकलने से दस्त होते हैं
  • दांत निकलने और दस्त लगने वाले मिथ का कारण
  • दांत निकलने को आरामदायक बनाने के उपाय
  • शिशुओं को दस्त होने पर क्या करें

नन्हें शिशु को संभालना वाकई चुनौतीपूर्ण हो सकता है। खासतौर से तब जब आप मेटरनिटी लीव खत्म होने के बाद ऑफिस जॉइन करती हैं। हर दिन बेबी की ग्रोथ आपको आकर्षित कर सकती है। साथ ही हर दिन उसका बढ़ना नई चुनौतियों से आपका सामना भी करवाता है। शिशु के विकास से जुड़ी ऐसी ही एक जरूरी प्रक्रिया है उसके दांत निकलना। ज्यादातर दादी-नानी मानती हैं कि इस दौरान सभी बच्चों को दस्त लगते हैं। पर दस्त लगना बेबी को कमजोर कर सकता है। इसलिए हमने एक एक्सपर्ट से जाना दांत निकलने के दौरान दस्त लगने का कारण और इसे कंट्रोल करने का तरीका।

सत्य नहीं मिथ है दांत निकलने के दौरान दस्त लगना (teething diarrhea is a myth) 

शिशुओं की माताओं के लिए दांत निकलने का समय एक मुश्किल दौर हो सकता है। अक्सर यह माना जाता है कि दांत निकलने से बच्चों को दस्त हो सकते हैं। लेकिन वैज्ञानिक रूप से यह बात सही नहीं है। दांत निकलने से हल्की परेशानी, चिड़चिड़ापन और लार का ज्यादा आना हो सकता है, लेकिन दस्त (teething diarrhea) इसके कारण नहीं होते। इस गलतफहमी के कारण कई बार माताएं दस्त को हल्के में ले लेती हैं, जिससे बच्चे को निर्जलीकरण (Dehydration) का खतरा हो सकता है।

असल में दांत निकलने के दौरान दस्त लगने के कारण कुछ और हैं। चित्र : अडोबीस्टॉक

इस लेख में हम दांत निकलने और दस्त के बीच कमजोर संबंध को समझेंगे और आपको बताएंगे कि दांत निकलने की प्रक्रिया को कैसे दर्द रहित और सुरक्षित बनाया जा सकता है।

क्या दांत निकलने से दस्त होते हैं (teething diarrhea really true)  

दांत निकलने के दौरान बच्चों में कुछ सामान्य लक्षण दिख सकते हैं, जैसे:

  1. लार का ज्यादा आना
  2. मसूड़ों में हल्की सूजन
  3. चिड़चिड़ापन
  4. हल्का बुखार

लेकिन दस्त या किसी भी अन्य गंभीर लक्षण का दांत निकलने से कोई सीधा संबंध नहीं है। शोध से पता चलता है कि दस्त अक्सर वायरस, बैक्टीरिया, या खानपान में बदलाव की वजह से होते हैं। दांत निकलने को इसके लिए जिम्मेदार ठहराना गलत है।

मिथ है दांत निकलने के दौरान दस्त होना, जानिए कारण (Causes of myth of teething diarrhea)

1 उम्र का संयोग:

दांत निकलना 4 से 24 महीने की उम्र में शुरू होता है। यह वही समय है जब बच्चे ठोस भोजन शुरू करते हैं और अपने आसपास की चीजों को मुंह में डालते हैं। इससे पेट में संक्रमण होने का खतरा बढ़ जाता है।

2 पारंपरिक विश्वास:

कई बार परिवार और समाज में यह बताया जाता है कि दांत निकलने के समय दस्त होना सामान्य है। इसके कारण माताएं दस्त को गंभीरता से नहीं लेतीं।
दस्त और दांत निकलने के बीच अंतर पहचानें

माताओं के लिए यह समझना जरूरी है कि दस्त सामान्य दांत निकलने का हिस्सा नहीं है। यदि आपके बच्चे में निम्न लक्षण दिखें, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें:

  1. बार-बार पतले दस्त होना
  2. बुखार
  3. सुस्ती
  4. कम पेशाब आना
  5. होंठ सूखना या आंखें धंस जाना

दांत निकलने को आरामदायक बनाने के उपाय (how to ease teething in babies)

दांत निकलने की प्रक्रिया को बच्चों के लिए आसान और आरामदायक बनाने के लिए ये उपाय अपनाएं:

1. टीथिंग रिंग दें

साफ और ठंडी (जमी हुई नहीं) टीथिंग रिंग बच्चे को दें। ठंडक मसूड़ों की सूजन कम करती है और आराम पहुंचाती है।

बच्चे को राहत दिलाने के लिए उसे कोई ठंडी चीज दे सकते हैं। चित्र अडोबी स्टॉक

2. मसूड़ों की मालिश करें

साफ उंगली या गीले कपड़े से मसूड़ों को हल्के से मलें। इससे बच्चे को राहत मिलेगी।

3. साफ-सफाई का ध्यान रखें

टीथिंग खिलौनों और बच्चे के हाथों को साफ रखें। बच्चे अक्सर चीजों को मुंह में डालते हैं, जिससे संक्रमण का खतरा बढ़ सकता है।

4. हल्का ठंडा खाना दें

ठंडा दही, प्यूरी किए हुए फल, या खीरे की पतली स्लाइस बच्चों को आराम देती है। ये केवल उन बच्चों के लिए हैं, जो ठोस खाना शुरू कर चुके हैं।

5. दर्द निवारक दवाएं

अगर बच्चा बहुत ज्यादा परेशान हो रहा हो, तो डॉक्टर की सलाह से पैरासिटामोल जैसी दवा दी जा सकती है। बाजार में मिलने वाले टीथिंग जेल से बचें, क्योंकि इनमें नुकसानदायक रसायन हो सकते हैं।

अब जानिए दांत निकलने के दौरान दस्त को कैसे रोकें (How to stop teething diarrhea)

दांत निकलने के दौरान दस्त होने से बचने के लिए इन सरल उपायों को अपनाएं:

स्वच्छता बनाए रखें: टीथिंग खिलौनों, पैसिफायर, और खाने के बर्तनों को रोज साफ करें।

निगरानी रखें: ध्यान दें कि बच्चा मुंह में क्या डाल रहा है और चीजें साफ और सुरक्षित हैं या नहीं।
नए खाद्य पदार्थ धीरे-धीरे दें: ठोस खाना शुरू करते समय एक बार में केवल एक नया खाद्य पदार्थ दें और बच्चे की प्रतिक्रिया देखें।

पर्याप्त पानी दें: गर्मी में और दस्त होने पर बच्चे को पर्याप्त तरल पदार्थ दें।

शिशु के दांत निकनले के दौरान ध्यान रखें

डॉ कुशल अग्रवाल कहते हैं, ”बाल रोग विशेषज्ञ के रूप में हमारा कर्तव्य है कि हम माता-पिता को सही जानकारी दें। उन्हें यह समझाएं कि:

कई बार बच्चे को दांंत निकलते समय ज्यादा परेशानी होती है। चित्र अडोबी स्टॉक

निर्जलीकरण खतरनाक है: दस्त के दौरान ओरल रिहाइड्रेशन सॉल्यूशन देना बहुत जरूरी है।
खतरनाक प्रथाओं से बचें: गम लेंसिंग जैसी पुरानी प्रथाएं बच्चों के लिए खतरनाक हो सकती हैं। इनसे बचें।
वैज्ञानिक तरीके अपनाएं: दांत निकलने से जुड़ी असुविधा को कम करने के लिए वैज्ञानिक और सुरक्षित उपाय अपनाएं।

चलते-चलते

दांत निकलना आपके बच्चे की सेहत का एक अहम पड़ाव है। हालांकि यह समय चुनौतीपूर्ण हो सकता है, लेकिन इसे दर्दनाक या चिंताजनक बनने से रोका जा सकता है। दांत निकलने और दस्त के बीच के कमजोर संबंध को समझकर आप अपने बच्चे को सुरक्षित और आरामदायक तरीके से इस प्रक्रिया से गुजरने में मदद कर सकते हैं।
यदि कभी संदेह हो, तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें। आपका बच्चा इस चरण को हंसी और खुशी के साथ पार करे, यही हमारी कामना है।

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लेखक के बारे में
योगिता यादव

योगिता यादव एक अनुभवी पत्रकार, संपादक और लेखिका हैं, जो पिछले दो दशकों से भी ज्यादा समय से हिंदी मीडिया जगत में सक्रिय हैं। फिलहाल वे हेल्थ शॉट्स हिंदी की कंटेंट हेड हैं, जहां वे महिलाओं के स्वास्थ्य, जीवनशैली, मानसिक स्वास्थ्य और सामाजिक मुद्दों से जुड़ी सामग्री का संयोजन और निर्माण करती हैं। योगिता ने दैनिक भास्कर, दैनिक जागरण, जी मीडिया और अमर उजाला जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में कार्य किया है। वे 'हेल्दी ज़िंदगी' नाम का उनका हेल्थ पॉडकास्ट खासा लोकप्रिय है, जिसमें वे विशेषज्ञ डॉक्टरों और वेलनेस एक्सपर्ट्स से संवाद करती हैं।

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