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ये 5 कुकिंग मिस्टेक्स बना देती हैं घर के खाने को भी अनहेल्दी, कहीं आप तो नहीं कर रहीं ये गलतियां?

कुछ गलतियां हेल्दी खाद्य पदार्थों में पोषक तत्वों की गुणवत्ता को नकारत्मक रूप से प्रभावित करती हैं जिसकी वजह से शरीर को उचित पोषण नहीं मिल पाता।
Published On: 6 Aug 2023, 02:00 pm IST
यहां जानें 5 कुकिंग मिस्टेक्स के बारे में। चित्र : शटरस्टॉक

खाना बनाने यानि की कुकिंग के दौरान की जाने वाली कुछ सामान्य गलतियों की वजह से खाने के फ्लेवर और क्वालिटी दोनों पर नकारात्मक असर पड़ता है। आपकी कुछ गलतियां हेल्दी खाद्य पदार्थों में पोषक तत्वों की गुणवत्ता को नकारत्मक रूप से प्रभावित करती हैं जिसकी वजह से शरीर को उचित पोषण नहीं मिल पाता। यदि आप चाहें तो इन छोटी-छोटी किचन मिस्टेक्स को आसानी से अवॉयड कर अपने खाद्य पदार्थों के असल स्वाद और पोषण को मेंटेन रख सकती हैं।

भारतीय योगा गुरु, योगा इंस्टीट्यूट की डायरेक्टर डॉक्टर हंसाजी योगेंद्र ने कुछ आम कुकिंग मिस्टेक्स बताये हैं, इन मिस्टेक्स (cooking mistakes) को अच्छी तरह से समझें और डिजीज फ्री हेल्दी लाइफस्पैन के लिए इन्हे अपने किचन में दोहराने से बचें।

यहां जानें 5 कुकिंग मिस्टेक्स के बारे में (cooking mistakes)

1. सब्जियों को एक आकार में न काटना

जब आप वेजिटेबल कुक करने के लिए इन्हें काटती हैं, तो जल्दबाजी में इन्हें एक समान आकार में न काटने की गलती आपके लिए न्यूट्रिएंट लॉस का कारण बन सकती है। इस स्थिति में सब्जी के कुछ पीस जरूरत से अधिक कुक हो जाते हैं तो कुछ अच्छी तरह से पक नहीं पाते। अपनी सब्जियों को एक सामान्य आकार में काटें ऐसा करने से आपकी सब्जी सामान्य रूप से अच्छी तरह से पक जाएगी।

कुकिंग के दौरान मात्रा का भी रखें खास ध्यान। चित्र: शटरस्टॉक

2. पैन को ओवरक्राउड करना

अक्सर सब्जियां बनाते वक्त हम पैन को ओवरक्राउड कर देते हैं। ओवरक्राउड होने से खाद्य पदार्थ अपने मॉइश्चर को रिलीज कर देते हैं, जिससे कि खाद्य पदार्थों में वॉटर सॉल्युबल, विटामिन और मिनरल की कमी हो सकती है। इसलिए कभी भी खाना बनाते वक्त पैन को ओवरक्राउड न करें, अधिक मात्रा में किसी भी व्यंजन की तैयारी करनी है तो इन्हें दो से तीन बार करके तैयार करें या इनके लिए बड़े बर्तन का प्रयोग करें।

3. कुछ सब्जियों को ब्लैंच (हल्का उबालना) न करना

एक्सपर्ट के अनुसार ब्रॉकली और गोभी जैसी सब्जियों से व्यंजन तैयार करने से पहले इन्हें ब्लैंच करना बेहद महत्वपूर्ण है। इन्हें बॉयलिंग वॉटर में ब्लैंच करें फिर इन्हें बर्फ के पानी मे भिगोएं। ऐसा करने से इनका कलर और टेक्सचर प्रिजर्व रहता है। इन सब्जियों को ब्लैंच न करने से वॉटर सॉल्युबल, विटामिन, मिनरल्स की कमी हो सकती है खासकर विटामिन सी और पोटेशियम की कमी हो जाती है। यदि आप इन्हें बिना ब्लैंच किये बना लेती हैं, तो इनके फ्लेवर कहीं न कहीं निकल कर बाहर नहीं आ पाते।

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4. सब्जियों को पकाने के लिए गलत कुकिंग मेथड का इस्तेमाल करना

यदि आप सब्जियों को पकाने के लिए सही तरीके का इस्तेमाल नहीं करती हैं तो या तो सब्जियां ओवरकुक्ड हो जाती हैं या अंडरकुक्ड रह जाती हैं। यदि आप सब्जियों को लंबे समय तक उबाल रही हैं, तो यह वॉटर सॉल्युबल विटामिन जैसे कि विटामिन सी को लूज कर देते हैं। सभी सब्जियों को पकाने के कुछ ऐसे तरीके हैं जो इनके स्वाद और पोषण को अधिक बढ़ावा देते हैं, जैसे कि एग प्लांट और जुकिनी को ग्रिल करने से इनके स्वीट फ्लेवर पूर्ण रूप से बाहर आते हैं।

इसके साथ ही गाजर और चुकंदर जैसे डेंस वेजिटेबल्स को रोस्ट करने से इनके नेचुरल शुगर कैरेमलाइज हो जाते हैं और इनके फ्लेवर उभर कर बाहर आते हैं। इसलिए जब भी आप किस भी प्रकार की सब्जी पका रही हों, पहले इनके कुकिंग मेथड के बारे में उचित जानकारी प्राप्त कर लें।

सेल्फ कुकिंग है फायदेमंद। चित्र : शटरस्टॉक

5. गलत टेंपरेचर पर खाद्य पदार्थों को पकाना

अलग अलग सब्जी और खाद्य पदार्थों को पकने के लिए अलग-अलग तापमान की आवश्यकता होती है। उदाहरण के तौर पर हरी बींस को पकने के लिए हाई हीट की आवश्यकता होती है, केवल थोड़ी देर के लिए। वहीं डेंस वेजिटेबल जैसे कि रूट वेजिटेबल को कम आंच पर लंबे समय तक पकाना पड़ता है ताकि वह मुलायम हो जाए। खाद्य पदार्थों को कितने हीट की आवश्यकता होती है इसकी जानकारी होना बेहद महत्वपूर्ण है।

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लेखक के बारे में
अंजलि कुमारी

पत्रकारिता में 3 साल से सक्रिय अंजलि महिलाओं में सेहत संबंधी जागरूकता बढ़ाने के लिए काम कर रही हैं। हेल्थ शॉट्स के लेखों के माध्यम से वे सौन्दर्य, खान पान, मानसिक स्वास्थ्य सहित यौन शिक्षा प्रदान करने की एक छोटी सी कोशिश कर रही हैं।

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