पर्सनलाइज्ड कंटेंट, डेली न्यूजलैटरससाइन अप

ये 5 फूड कर सकते हैं डाइट में से चीनी कम, जानिए रिफाइंड शुगर के हेल्दी ऑप्शन

खाना खाने के बाद कुछ मीठा खाने की शौकीन हैं, तो आपको रिफाइंड शुगर से बनी मिठाइयों का सेवन करने की बजाए इसे हेल्दी विकल्पों की तरफ ध्यान देना चाहिए।
Updated On: 20 Oct 2023, 09:50 am IST
बहुत सारे औषधीय गुणों से भरपूर होती है ब्राउन शुगर। चित्र-शटरस्टॉक.

ज्यादा मीठा खाना न केवल आपका वजन बढ़ा सकता है, बल्कि डायबिटीज सहित कई और बीमारियों का भी जोखिम बढ़ा सकता है। रिफाइंड शुगर (refined sugar) का ज्यादा सेवन जहां जोखिम कारक है, वहीं इसे छोड़ पाना और भी मुश्किल है। जिन लोगों को मीठा खाने की आदत होती है, वे हर मील के बाद कुछ मीठा चाहते हैं। अगर आप भी अपने स्वीट टूथ से परेशान हैं, तो यहां हम लाए हैं ऐसे 5 हेल्दी ऑप्शन (5 healthy sugar alternatives) जिन्हें आप चीनी से बनी चीजों से रिप्लेस कर सकती हैं।

डॉक्टर दीक्सा भावसार सावलिया, आयुर्वेदिक एक्सपर्ट हैं, वह कहती है कि ऐसा नहीं है कि यदि आप डायबिटिक है तो आप मीठे का सेवन नहीं कर सकते। वह बस आपकी हेल्थ के लिए अच्छे होने चाहिए और आपके ब्लड शुगर को न बढ़ाये। बाजार में मिलने वाली मिठाई में रिफाइंड शुगर का इस्तेमाल किया जाता है जो डायबिटीज में खाने से आपका शुगर लेवल बढ़ा सकता है। इसलिए आपके कुछ अल्टरनेटिव ऑप्शन का इस्तेमाल करना चाहिए।

डायबिटीज के मरीज खा सकते हैं मिठाई। चित्र : शटरस्टॉक

यहां रिफाइंड शुगर के कुछ विकल्प दिए गए हैं, जिनका सेवन आपके लिए फायदेमंद है

1. खजूर

खजूर को फल और मेवे दोनों ही रूप में खाए जाने के कई लाभ हैं। इसमें कैल्शियम, प्रोटीन, मैंगनीज, मैग्नीशियम, पोटैशियम, फास्फोरस, जिंक, विटामिन-बी6, ए और के से भरपूर मात्रा में शामिल होते हैं। इसके अतिरिक्त इसमें लाभदायक फैट्स, डायटरी फाइबर, कार्बोहाइड्रेट, आयरन और फैटी एसिड्स गुण भी मौजूद होते हैं। ये सभी पोषक तत्व हमारे शरीर को रोगों से बचाते हैं और ब्लड शुगर लेवल को भी नियंत्रित रखता है।

दिन में कितना करें सेवन- रोजाना 3 से 4 खजूर खा सकते हैं।

यह भी पढ़े- बैली फैट बढ़ाती हैं खानपान की ये गलत आदतें, फैट बर्न करने के लिए फॉलो करें ये 5 डाइट टिप्स

2. किशमिश

किशमिश में एंटीऑक्सीडेंट, आयरन, कैल्शियम और बोरोन से भरपूर किशमिश का सेवन काफी लाभदायक होता है। अधिकतर लोगों को लगता है कि मधुमेह से ग्रस्त लोग किशमिश नहीं खा सकते हैं। लेकिन ऐसा बिल्कुल भी नहीं है। सीमित मात्रा में किशमिश का सेवन डायबिटीज को कंट्रोल करने में सहायता करता है। किशमिश का ग्लाइसेमिक इंडेक्स काफी कम होता है, जिस वजह से यह इंसुलिन रिस्पांस को बेहतर करने में सहायता कर सकती है। इससे डायबिटीज को कंट्रोल करने में मदद मिलती है।

दिन में कितना करें सेवन- एक मुट्ठी किशमिश दिनभर में खा सकते हैं।

3. तिल की चिकी / लड्डू

चीनी गन्ने के रस का रिफाइंड रूप होती है, जबकि गुड़ एक अनरिफाइंड शुगर है। इसी वजह से इसमें अधिक पोषक तत्व शामिल होते हैं, इसलिए ब्राउन शुगर और साधारण चीनी के मुकाबले गुड़ को सेहत के लिए लाभकारी होता है।

दिन में कितना करें सेवन- तिल, घी और गुड़ से बनी तिल की चिक्की या लड्डू का सेवन सभी के लिए उत्तम होता है। दिनभर में एक मीडियम साइज का लड्डू या चिक्की का सेवन किया जा सकता है।

डाइबिटीज फ्रेंडली है डार्क चॉक्लेट। चित्र शटरस्टॉक।

4. डार्क चॉकलेट

डार्क चॉकलेट का सेवन रक्त में शर्करा का लेवल कंट्रोल कर सकता है। इसमें मौजूद कोको पॉलीफेनोल्स सीधे इंसुलिन प्रतिरोध पर असर डालता है और डायबिटीज के खतरे को कम कर सकता है। यह न केवल दिल और हार्मोन के लिए बल्कि आपकी त्वचा और बालों के लिए भी अच्छा है।

दिन में कितना करें सेवन- डार्क चॉकलेट के 1 से 2 पीस दिनभर में ले सकते हैं।

5. अंजीर

अंजीर और उसके पत्तों में ऐसे कई गुण शामिल होते हैं, जो मधुमेह से ग्रस्त रोगियों के लिए फायदेमंद होता है। अंजीर की पत्तियों में एथिल एसीटेट अर्क शामिल होता है। यह इन्सुलिन उत्पादन को उत्तेजित करके एंटीडायबिटिक असर दिखा सकता है। इसलिए, अंजीर का सेवन डायबिटीज से बचाव करने के लिए भी फायदेमंद है।

अंजीर कैल्शियम और पोटेशियम दोनों से भरपूर होते हैं जो उन्हें हड्डी और बालों की समस्या से ग्रस्त लोगों के लिए अच्छा विकल्प बनाता है और ऊर्जा भी प्रदान करता है और मधुमेह रोगियों द्वारा इसका सेवन किया जा सकता है।

दिन में कितना करें सेवन- दिनभर में 2 से 4 अंजीर खा सकते हैं।

यह भी पढ़े- स्किन की कई समस्याओं से राहत दिला सकता है कपूर, जानें इसके 5 DIY पैक

डिस्क्लेमर: हेल्थ शॉट्स पर, हम आपके स्वास्थ्य और कल्याण के लिए सटीक, भरोसेमंद और प्रामाणिक जानकारी प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध हैं। इसके बावजूद, वेबसाइट पर प्रस्तुत सामग्री केवल जानकारी देने के उद्देश्य से है। इसे विशेषज्ञ चिकित्सा सलाह, निदान या उपचार का विकल्प नहीं माना जाना चाहिए। अपनी विशेष स्वास्थ्य स्थिति और चिंताओं के लिए हमेशा एक योग्य स्वास्थ्य विशेषज्ञ से व्यक्तिगत सलाह लें।

लेखक के बारे में
निशा कपूर

देसी फूड, देसी स्टाइल, प्रोग्रेसिव सोच, खूब घूमना और सफर में कुछ अच्छी किताबें पढ़ना, यही है निशा का स्वैग।

अगला लेख