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पैरों में दर्द और ऐंठन होती है, तो करें इन लेग स्ट्रेचिंग एक्सरसाइज का अभ्यास, हम बता रहे हैं तरीका

मसाज के साथ एक्सरसाइज और स्ट्रेचेज भी करेंगी, तो यह क्विक रिकवरी में आपकी मदद कर सकता है। तो चलिए जानते हैं, पैरों के तनाव को कम करने में कौन से स्ट्रैचेज आपकी मदद कर सकते हैं।
Published On: 26 May 2024, 08:00 am IST
व्यायाम को नियमित बनाए रखने के लिए आसान एक्सरसाइज़ को अपने रूटीन का हिस्सा बनाएं। चित्र- अडोबी स्टॉक

लंबे समय तक खड़े रहने, चलने और तेज भागने से लेकर किसी ऐसी गतिविधि में भाग लेना, जिसमें की पैरों का इस्तेमाल ज्यादा हो रहा हो, इन सभी की वजह से पैरों की मांसपेशियां अकड़ जाती हैं। पैरों पर तनाव बढ़ने से दर्द महसूस होता है और नियमित दिनचर्या के कार्यों को करने में भी परेशानी होती है। इन्हे दूर करने के लिए अक्सर लोग मसाज लेते हैं। हालांकि, मसाज भी इनमें कारगर होती है, परंतु यदि आप मसाज के साथ एक्सरसाइज और स्ट्रेचेज भी करेंगी, तो यह क्विक रिकवरी में आपकी मदद कर सकता है। तो चलिए जानते हैं, पैरों के तनाव को कम करने में कौन से स्ट्रैचेज आपकी मदद कर सकते हैं।

यहां जानें पैरों के टेंशन को कैसे करना है रिलीज (leg stretching exercises)

1. हैमस्ट्रिंग स्ट्रेच

हैमस्ट्रिंग मांसपेशियां ऊपरी पैर के पीछे स्थित होती हैं। यदि जिम में या हाफ मैराथन दौड़ने के बाद पैरों में दर्द महसूस हो रहा है, या पैर तक चुके हैं, ऐसे में फर्श पर बैठें और अपनी कमर से आगे की ओर झुकें। अपने पैरों को सीधा रखते हुए जितना संभव हो सके झुकने की कोशिश करें। 20 सेकंड के लिए इसी स्थिति में रहें। फिर स्थिति में वापस आ जाएं और इसे तीन बार दोहराएं।

वैकल्पिक रूप से, आप खड़े होकर हैमस्ट्रिंग स्ट्रेच कर सकती हैं। खड़े हो जाएं और दाएं पैर को बाएं पैर के ऊपर से क्रॉस करें। धीरे-धीरे आगे की ओर झुकें जब तक कि आपका माथा आपके घुटनों की ओर न आ जाए। इस स्थिति में रहते हुए अपने पैरों को सीधा रखें। इसे लगभग 20 सेकंड तक रोके रखें। एक बार जब आप पूरी तरह सीधी स्थिति में लौट आएं, तो बाएं पैर को दाहिने पैर के ऊपर से पार करें और इसे दोबारा करें।

पैरों में दर्द को बढ़ा देती है गलत एक्सरसाइज. चित्र:एडॉबीस्टॉक

2. काफ़ स्ट्रेच

अक्सर लंबे समय तक पैरों को व्यस्त रखने के बाद इनमें दर्द की अनुभूति होती है। खासकर काफ़ में तनाव बढ़ जाता है। इन्हे कम करने के लिए दीवार से हाथ की दूरी पर खड़ी हो जाएं। दोनों हाथों को कंधे की चौड़ाई की दूरी पर दीवार पर रखें, फिर दीवार के खिलाफ धक्का देने की गति बनाए रखते हुए एक पैर से पीछे हटें। 20 से 30 सेकंड तक इसी स्थिति में बनी रहें। फिर सामान्य स्थिति में लौट आएं, और दूसरे पैर से भी इसे दोहराएं।

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3. सिटिंग पीजन पोज

फर्श पर अपने सामने दोनों पैरों को फैलाकर बैठें। दाएं पैर को मोड़ें और अपने दाएं टखने को बाएं घुटने के ऊपर रखें। तब तक आगे झुकें जब तक आपकी छाती आपकी दाहिनी जांघ को न छू ले। 30 सेकंड के लिए इसी स्थिति में बनी रहें। फिर सामान्य मुद्रा में वापस आ जाएं, और इसे दोबारा करने के लिए पैरों को बदलें। इससे पैरों को स्ट्रेच करने में मदद मिलती है। जिससे की आपके पैरों में ब्लड सर्कुलेशन बढ़ जाता है और मांसपेशियां रिलैक्स होती है। इस प्रकार यह पैर की टेंशन को रिलीज करने में आपकी मदद कर सकता है।

पैर उठाना पेट के निचले हिस्से की मांसपेशियों पर दवाब डालता है। इससे कोर को मजबूत और टोन करने में मदद मिलती है। चित्र : शटर स्टॉक

4. लेग रेज

अपने पीठ के बल फर्श पर लेट जाएं, अपनी दोनों बाजुओं को शरीर के दोनो ओर रखें। अब एक पैर को सीधा रखते हुए धीरे-धीरे उपर की ओर उठाएं। जिस पर को उठाया है उसे पांच सेकंड के लिए पकड़ें रखें, फिर इसे धीरे-धीरे फर्श पर वापस ले आएं। ठीक इसी व्यायाम को अपने दूसरे पैर से भी दोहराएं। पैरों को ऊपर उठने से ब्लड सर्कुलेशन काफी तेज हो जाता है, जिससे कि पैरों की मांसपेशियों को आराम मिलता है। साथ ही साथ पैरों में खिंचाव होने से मांसपेशियां एक्टिवेट हो जाती हैं, और आपको दर्द से आराम मिलता है।

5. हिप फ्लेक्सर स्ट्रेच

अपनी पीठ सीधी करके फर्श पर बैठें। अपने पैरों के तलवों को अपने सामने एक साथ रखें। वहीं अपनी एड़ियों को अपनी ओर खींचें और धीरे-धीरे अपने घुटनों को फर्श की ओर धकेलें। 30 सेकंड के लिए इसी स्थिति में बनी रहें। यह पैरो को स्ट्रेच करता है, जिससे मसल्स एक्टिव हो जाते हैं और आपको आराम मिलता है। दर्द कम करने के साथ ही यह पैरों के फ्लेक्सिब्लिटी को भी बढ़ा देता है।

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लेखक के बारे में
अंजलि कुमारी

पत्रकारिता में 3 साल से सक्रिय अंजलि महिलाओं में सेहत संबंधी जागरूकता बढ़ाने के लिए काम कर रही हैं। हेल्थ शॉट्स के लेखों के माध्यम से वे सौन्दर्य, खान पान, मानसिक स्वास्थ्य सहित यौन शिक्षा प्रदान करने की एक छोटी सी कोशिश कर रही हैं।

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